✍️हेतराम साहू स्टेट- रिपोर्टर
हमर प्रदेश छत्तीसगढ़
महिलाओं के हुनर को मिलेगा बाजार, ‘सरबिलां सी-मार्ट’ से खुलेगा आत्मनिर्भरता का नया द्वार
पापड़-अचार से लेकर मिट्टी के दीये और हस्तनिर्मित खिलौनों तक की मिलेगी सौगात, महिला स्व-सहायता समूहों को मिलेगा अपने उत्पाद बेचने का साझा मंच
सारंगढ़-बिलाईगढ़, 15 अक्टूबर 2026। ग्रामीण महिलाओं के हुनर को नई पहचान देने और उनके उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने की दिशा में जिले में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। सेवा संकल्प अभियान के तहत ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘सरबिलां सी-मार्ट’ (SHE MART) का शुभारंभ कलेक्टर श्रीमती पद्मिनी भोई साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष संजय भूषण पांडेय एवं जिला पंचायत सीईओ ऋषिकेश तिवारी ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ महतारी की पूजा-अर्चना कर स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करने का संदेश दिया गया।
स्थानीय उत्पादों को मिलेगी नई पहचान
सी-मार्ट के शुभारंभ के बाद कलेक्टर एवं जनप्रतिनिधियों ने महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया। उन्होंने महिलाओं से उत्पादों के निर्माण, गुणवत्ता और बिक्री की प्रक्रिया के संबंध में जानकारी ली तथा उनके हुनर, मेहनत और उद्यमशीलता की सराहना की।
कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू ने कहा कि महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना शासन की प्राथमिकता है। सी-मार्ट के माध्यम से महिला समूहों को अपने उत्पाद सीधे उपभोक्ताओं तक पहुंचाने का अवसर मिलेगा। इससे महिलाओं को अपने काम का बेहतर मूल्य प्राप्त करने और व्यवसाय को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
पापड़-अचार से लेकर दीपावली के दीयों तक सजे उत्पाद
सरबिलां सी-मार्ट में जिले के विभिन्न महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा तैयार किए गए उत्पादों की विविधता देखने को मिली। यहां पापड़, बड़ी, अचार, हल्दी, मिर्च-मसाले, देसी गाय का घी, ब्रेड और मीठे ब्रेड सहित अनेक खाद्य सामग्री प्रदर्शित की गई।
इसके अलावा महिलाओं के हाथों से तैयार टेडी बियर, थालपोश, मेजपोश जैसे हस्तनिर्मित उत्पाद भी आकर्षण का केंद्र रहे। आगामी दीपावली पर्व को ध्यान में रखते हुए समूहों द्वारा तैयार मिट्टी के दीये और रुई की बातियां भी बिक्री के लिए उपलब्ध कराई गई हैं।
इन उत्पादों के माध्यम से स्थानीय महिलाओं की रचनात्मकता, पारंपरिक कौशल और मेहनत को एक नया मंच मिला है। इससे उपभोक्ताओं को स्थानीय स्तर पर तैयार सामग्री खरीदने का अवसर भी मिलेगा।
बिचौलियों पर निर्भरता होगी कम, बढ़ेंगे आय के अवसर
महिला स्व-सहायता समूहों के लिए सी-मार्ट की स्थापना केवल उत्पादों की बिक्री का माध्यम नहीं, बल्कि उनके आर्थिक सशक्तीकरण की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है। एक साझा बाजार उपलब्ध होने से समूह अपने उत्पादों का प्रदर्शन और विक्रय बेहतर तरीके से कर सकेंगे। इससे बिचौलियों पर निर्भरता कम करने तथा महिलाओं की आय बढ़ाने की संभावनाएं मजबूत होंगी।
विशेष रूप से दीपावली के अवसर पर मिट्टी के दीये, रुई की बातियां और अन्य घरेलू एवं सजावटी उत्पादों की बिक्री से महिला समूहों को अतिरिक्त आमदनी का अवसर मिल सकता है।
‘वोकल फॉर लोकल’ को मिलेगा बढ़ावा
सेवा संकल्प अभियान के तहत शुरू की गई यह पहल स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन देने के साथ ग्रामीण महिलाओं को उद्यमिता से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। सरबिलां सी-मार्ट के माध्यम से महिला स्व-सहायता समूहों को अपने उत्पादों की पहचान बढ़ाने, नए ग्राहक बनाने और स्वरोजगार को विस्तार देने का अवसर मिलेगा।
स्थानीय स्तर पर बने उत्पादों को प्राथमिकता देने से महिलाओं की मेहनत को बाजार मिलेगा और जिले की स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है। सरबिलां सी-मार्ट महिलाओं के हुनर को आर्थिक ताकत में बदलने और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का एक नया मंच बनकर उभरा है।
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