रिपोर्ट: आशीष यादव**
**ब्लॉक रिपोर्टर — हमर प्रदेश छत्तीसगढ़ न्यूज़**
**रतनपुर, बिलासपुर, छत्तीसगढ़**
रतनपुर में नवरात्र की सप्तमी पर सुरक्षा की कमान संभालेंगी महिला पुलिस अधिकारी, पदयात्रियों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पुलिस अलर्ट
**ड्रोन कैमरों से चप्पे-चप्पे पर निगरानी, मां महामाया मंदिर सहित भैरव बाबा, लखनी देवी और राम टेकरी में भी पुलिस बल तैनात**
**रतनपुर/बिलासपुर।** धार्मिक एवं पौराणिक नगरी रतनपुर में शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर मां महामाया देवी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ रहा है। नवरात्रि की सप्तमी की रात बड़ी संख्या में पदयात्रियों और भक्तों के रतनपुर पहुंचने की संभावना को देखते हुए बिलासपुर पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत कर दिया है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम दर्शन और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है। इस बार सुरक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी महिला पुलिस अधिकारियों को सौंपी गई है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) रजनेश सिंह के निर्देश पर ग्रामीण अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) मधुलिका सिंह और कोटा एसडीओपी नूपुर उपाध्याय सुरक्षा व्यवस्था की कमान संभाल रही हैं। पुलिस प्रशासन ने मंदिर परिसर से लेकर प्रमुख मार्गों और आसपास के धार्मिक स्थलों तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। सप्तमी की रात पदयात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए विशेष पुलिस बल की तैनाती की गई है, वहीं ड्रोन कैमरों के माध्यम से संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
सप्तमी की रात उमड़ेगा आस्था का सैलाब
नवरात्रि की सप्तमी का दिन मां महामाया के भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है। इस अवसर पर बिलासपुर सहित आसपास के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पैदल यात्रा कर माता के दरबार पहुंचते हैं। हाथों में ध्वजा, मुख पर माता रानी के जयकारे और मन में दर्शन की अटूट आस्था लिए पदयात्रियों का कारवां रतनपुर की ओर बढ़ता है।
श्रद्धालुओं की संभावित भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने पहले से ही सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था को लेकर तैयारी की है, ताकि दर्शन के लिए आने वाले भक्तों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। भीड़ को नियंत्रित करने, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिसकर्मियों को आवश्यक जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
महिला पुलिस अधिकारियों के नेतृत्व में सुरक्षा व्यवस्था
इस बार नवरात्रि के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी महिला पुलिस अधिकारियों के नेतृत्व में संचालित की जा रही है। एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर एएसपी मधुलिका सिंह और कोटा एसडीओपी नूपुर उपाध्याय सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी कर रही हैं। महिला अधिकारियों के नेतृत्व में पुलिस बल श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सक्रिय है।
मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित करने के लिए प्रवेश और निकास द्वार निर्धारित किए गए हैं। इससे दर्शनार्थियों की भीड़ को नियंत्रित करने तथा आने-जाने वाले श्रद्धालुओं के बीच अनावश्यक अव्यवस्था रोकने में मदद मिलेगी। पुलिसकर्मी प्रमुख स्थानों पर तैनात रहकर श्रद्धालुओं की गतिविधियों और भीड़ की स्थिति पर लगातार नजर रखेंगे।
ड्रोन कैमरे बने पुलिस की तीसरी आंख
सप्तमी की रात श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने आधुनिक तकनीक का भी सहारा लिया है। ड्रोन कैमरों के माध्यम से मंदिर परिसर और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों की निगरानी की जा रही है। आसमान से होने वाली निगरानी के जरिए संदिग्ध गतिविधियों की पहचान करने तथा असामाजिक तत्वों पर नजर रखने में पुलिस को सहायता मिलेगी।
पुलिस का उद्देश्य है कि श्रद्धालु बिना किसी भय और असुविधा के मां महामाया के दर्शन कर सकें। किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, अनुशासनहीनता या कानून का उल्लंघन करने वाली गतिविधि सामने आने पर पुलिस तत्काल कार्रवाई करेगी।
भैरव बाबा, लखनी देवी और राम टेकरी में भी सुरक्षा के इंतजाम
रतनपुर में नवरात्रि के दौरान मां महामाया मंदिर के साथ-साथ अन्य प्रमुख धार्मिक स्थलों पर भी श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रहती है। इसे ध्यान में रखते हुए भैरव बाबा मंदिर, लखनी देवी मंदिर और राम टेकरी में भी पुलिस बल तैनात किया गया है।
इन धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने, श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित करने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिसकर्मी सतर्क रहेंगे। पुलिस प्रशासन का प्रयास है कि रतनपुर आने वाले श्रद्धालु विभिन्न धार्मिक स्थलों पर शांतिपूर्ण ढंग से दर्शन कर सकें।
क्या कहती हैं सुरक्षा प्रभारी अधिकारी?
सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी संभाल रहीं एएसपी मधुलिका सिंह और एसडीओपी नूपुर उपाध्याय ने मीडिया से चर्चा के दौरान बताया कि शारदीय नवरात्रि के अवसर पर प्रतिवर्ष मां महामाया देवी के दर्शन के लिए हजारों-लाखों की संख्या में श्रद्धालु रतनपुर पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर यहां पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
उन्होंने बताया कि श्रद्धालुओं को सहज और सुगम दर्शन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रवेश और निकास द्वार की व्यवस्था की गई है, ताकि भीड़ का व्यवस्थित संचालन हो सके और दर्शनार्थियों को अनावश्यक असुविधा का सामना न करना पड़े।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि मां महामाया मंदिर के अलावा भैरव बाबा, लखनी देवी और राम टेकरी में भी पुलिस बल लगाया गया है। ड्रोन कैमरों के माध्यम से असामाजिक तत्वों और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। सप्तमी की रात भी विशेष निगरानी रखी जाएगी, जिससे कोई भी असामाजिक तत्व श्रद्धालुओं को परेशान न कर सके।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि कोई व्यक्ति श्रद्धालुओं को परेशान करते हुए, शांति व्यवस्था भंग करते हुए अथवा किसी अवैधानिक गतिविधि में लिप्त पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
## श्रद्धालुओं से पुलिस प्रशासन की अपील
पुलिस प्रशासन ने मां महामाया के दर्शन के लिए आने वाले सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित प्रवेश और निकास मार्गों का पालन करें, पुलिसकर्मियों के निर्देशों का सहयोग करें और भीड़ के दौरान धैर्य बनाए रखें। किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। अफवाहों पर ध्यान न दें और धार्मिक वातावरण की गरिमा बनाए रखें।
नवरात्रि की सप्तमी की रात रतनपुर में आस्था और भक्ति का अद्भुत दृश्य देखने को मिलने की संभावना है। ऐसे में पुलिस प्रशासन की सतर्कता, महिला अधिकारियों का नेतृत्व और ड्रोन कैमरों से निगरानी श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि मां महामाया के दरबार में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की सुरक्षा और सुगम दर्शन उसकी प्राथमिकता है।
Comments (0)
Leave a Comment
No comments yet. Be the first to share your thoughts!